परास टोली जामा मस्जिद, राँची
राँची शहर की एक प्रमुख धार्मिक इस्थल, परास टोली जामा मस्जिद भारत में मस्जिदों की समृद्ध स्थापत्य एवं सांस्कृतिक विरासत का एक सजीव उदाहरण है। यह मस्जिद न केवल स्थानीय मुस्लिम समुदाय के लिए आस्था का केंद्र है, बल्कि यह शहर के सामाजिक-धार्मिक सौहार्द का प्रतीक भी है। इसकी वास्तुकला में इस्लामिक कला के साथ-साथ क्षेत्रीय प्रभाव स्पष्ट झलकते हैं, जो भारत की बहुलतावादी संस्कृति की गाथा कहती है। राँची के हृदय में स्थित यह इमारत श्रद्धा, इतिहास और सामुदाय
[hostal_shortcode titulo="परास टोली जामा मस्जिद, राँची" direccion="88P8+CH6, New Parastoli, Shyamali Colony, Doranda, Ranchi, Jharkhand 834002, भारत" imagen_url="https://nearmei.in/wp-content/uploads/2026/02/external_image_1076_1772102574.jpg" rating="4.6/5"]परास टोली जामा मस्जिद, राँची के न्यू परास टोली इलाके में स्थित, न केवल एक प्रमुख धार्मिक केंद्र बल्कि सामुदायिक एकजुटता का एक महत्वपूर्ण स्थल है। यह मस्जिद अपनी शांत और आध्यात्मिक परिवेश के लिए जानी जाती है, जो इबादत के लिए एक उपयुक्त वातावरण प्रदान करती है। इसका केंद्रीय स्थान (88P8+CH6, न्यू परास टोली, श्यामली कॉलोनी, डोरांडा) इसे शहर के विभिन्न हिस्सों से आने वाले लोगों के लिए सुगम बनाता है। यहाँ का प्रबंधन और देखभाल उत्कृष्ट है, जिससे यह स्थान नमाज़ अदा करने वालों के बीच विश्वसनीयता और सम्मान हासिल करता है। सामुदायिक गतिविधियों और धार्मिक शिक्षा में इसकी सक्रिय भूमिका इसे केवल इबादतगाह से कहीं अधिक एक सामाजिक-धार्मिक संस्थान का दर्जा देती है।
| बुधवार | 4am–9pm |
| गुरुवार | 4am–9pm |
| शुक्रवार | 4am–9pm |
| शनिवार | 4am–9pm |
| रविवार | 4am–9pm |
| सोमवार | 4am–9pm |
| मंगलवार | 4am–9pm |
अधिक जानकारी
परास टोली जामा मस्जिद का पता क्या है और यह कहाँ स्थित है?
यह मस्जिद राँची, झारखंड के न्यू परास टोली, श्यामाली कॉलोनी, डोरांडा इलाके में स्थित है और इसका पूरा पता 88P8+CH6, New Parastoli, Shyamali Colony, Doranda, Ranchi, Jharkhand 834002, भारत है, जो इसे शहर के एक प्रमुख हिस्से में एक महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल बनाता है।
परास टोली जामा मस्जिद की सामान्य रेटिंग क्या है?
सार्वजनिक समीक्षाओं के आधार पर, परास टोली जामा मस्जिद को आमतौर पर 4.6 की एक उच्च रेटिंग प्राप्त है, जो इसकी धार्मिक महत्ता, रखरखाव और शांतिपूर्ण वातावरण के लिए आगंतुकों और श्रद्धालुओं की सराहना को दर्शाता है।
क्या यह मस्जिद पर्यटकों के लिए देखने लायक है?
हाँ, यह मस्जिद न केवल श्रद्धालुओं बल्कि पर्यटकों के लिए भी एक महत्वपूर्ण स्थल है जो राँची की स्थापत्य कला और सांस्कृतिक विविधता को समझना चाहते हैं, क्योंकि यह शहर में इस्लामिक वास्तुकला का एक प्रमुख नमूना है।
यह मस्जिद भारत में मस्जिदों के इतिहास में कैसे योगदान देती है?
परास टोली जामा मस्जिद भारत के धार्मिक परिदृश्य में इसकी स्थानीय उपस्थिति के माध्यम से योगदान देती है, जो देश की सांप्रदायिक सद्भाव और सांस्कृतिक समृद्धि को प्रदर्शित करने वाले झारखंड राज्य में इस्लामिक विरासत का एक हिस्सा है।
