जलालपुरा मॉस्क (हानाफी)

सलाम शहर की एक पहचान और हनाफी मुसलमानों की आस्था का महत्वपूर्ण केंद्र, जलालपुरा मस्जिद भारत में मस्जिदों की उस सांस्कृतिक एवं धार्मिक विरासत का एक जीवंत हिस्सा है, जो सदियों से देश की सामाजिक बुनावट को आकार देती आई है। यह मस्जिद केवल एक इबादतगाह है, बल्कि स्थानीय समुदाय के सामाजिक जीवन, धार्मिक शिक्षा और सांस्कृतिक एकता का केन्द्रबिंदु भी है, जो इस्लामी वास्तुकला की सादगी और भारतीय परिवेश के सामंजस्य को दर्शाती है।

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जलालपुरा मॉस्क (हानाफी) एक प्रतिष्ठित धार्मिक संस्थान है जो हानाफी मस्लक के शिक्षण एवं आध्यात्मिक मार्गदर्शन का प्रमुख केंद्र है। अडियामन स्ट्रीट, जलालपुरा, सलेम में स्थित यह संस्थान इस्लामी शिक्षा के प्रसार, सामुदायिक एकजुटता और धार्मिक समझ को बढ़ावा देने का कार्य करता है। इसका सुव्यवस्थित प्रबंधन और शैक्षणिक वातावरण स्थानीय और दूर-दराज से आने वाले छात्रों के लिए समान रूप से लाभप्रद सिद्ध होता है, जिससे यह क्षेत्र में आध्यात्मिक शिक्षा का एक विश्वसनीय स्तंभ बना हुआ है।

बुधवार4am–11pm
गुरुवार4am–11pm
शुक्रवार4am–11pm
शनिवार4am–11pm
रविवार4am–11pm
सोमवार4am–11pm
मंगलवार4am–11pm
विषय सूची

अधिक जानकारी

जलालपुरा मस्जिद (हानाफी) का निर्माण कब हुआ था?

इस मस्जिद के सटीक निर्माण वर्ष का ऐतिहासिक रिकॉर्ड सार्वजनिक डोमेन में स्पष्ट नहीं है, लेकिन यह स्थानीय इस्लामिक विरासत का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। यह तमिलनाडु के सेलम जिले के जलालपुरा इलाके में स्थित है और यहाँ के मुस्लिम समुदाय के लिए एक केंद्रीय इबादतगाह के रूप में कार्य करती है।

जलालपुरा मस्जिद की वास्तुकला कैसी है?

जलालपुरा मस्जिद हानाफी परंपरा का पालन करती है और इसकी वास्तुकला में दक्षिण भारतीय और इस्लामिक शैली का सुंदर मेल देखने को मिलता है। मस्जिद का गुंबद और मीनार इसके वास्तुशिल्प प्रभाव के प्रमुख तत्व हैं, जो इसे सेलम के धार्मिक परिदृश्य में एक विशिष्ट पहचान देते हैं।

यह मस्जिद कहाँ स्थित है और वहाँ कैसे पहुँचा जा सकता है?

जलालपुरा मस्जिद का पता अधियमन स्ट्रीट, जलालपुरा, सेलम, तमिलनाडु 636001 है। यह शहर के मुख्य क्षेत्र से अच्छी तरह जुड़ा हुआ है और यहाँ आसानी से सार्वजनिक परिवहन या निजी वाहन द्वारा पहुँचा जा सकता है, जिससे यह स्थानीय निवासियों और आगंतुकों दोनों के लिए सुलभ है।

लोग जलालपुरा मस्जिद को 4.6 की रेटिंग क्यों देते हैं?

4.6 की उच्च रेटिंग मुख्य रूप से मस्जिद के शांत और आध्यात्मिक वातावरण, साफ-सफाई, और प्रबंधन की दक्षता को दर्शाती है। यह रेटिंग जलालपुरा के लोगों और आगंतुकों के बीच इस स्थान की सामाजिक स्वीकार्यता और धार्मिक महत्व का एक स्पष्ट संकेतक है।